Educational News, Govt. Departments News, Govt. Policies, Govt. Updates, Important Notifications, Govt. Jobs
Wednesday, February 9, 2022
New Guidelines of CCL Latest Notification in Haryana Education Department Date 15-5-2021
Monday, October 25, 2021
MAP OF VIKAS NAGAR SITUATED ON OPP. GURU JAMBHESHWAR UNIVERSITY ON BARWALA ROAD HISAR 125001 HARYANA LAYOUT PLAN PLOT-WISE
VIKAS NAGAR HISAR Approved Colony of Hisar G.L.F. Colony Area, Near Sunder Nagar, HSEB 33.K.V. Powergrid Sub Station, Barwala-Hisar Road, HISAR, 125001, HARYANA
Now Converted to almost Commercial Big Plot
Near National Highway-09
Hisar-Delhi National Highway Hisar 125001 Haryana
Thursday, June 4, 2020
Free Attendant with Cancer Patient vide Instructions Dated 25.11.2019.
हरियाणा में कैंसर रोगी को एक सहायक के साथ हरियाणा रोडवेज की बस में फ्री यात्रा की सेवा के लिए जारी पत्र दिनांक: 25.11.2019
पत्र देखने के लिए यहाँ क्लिक करे.. Click Here...
Official Link:
https://hartrans.gov.in/Portals/0/001%20%281%29-converted_1.pdf
Monday, May 25, 2020
List of Enquiry Numbers of various Bus Stands. हरियाणा के सभी बस डिपो और उनके सब-डिपो के टेलीफोन पूछताछ नंबर
Wednesday, February 26, 2020
रिटायर्ड कर्मचारी अनुमति लेकर मेडिकल क्लेम भेजने वाले DDO को बदल सकता है👇👇
Monday, December 9, 2019
Grant of benefit of maternity leave to the women employees engaged under Outsourcing Policy of Government of HaryanaNotification Date: 09-12-2019
Tuesday, December 3, 2019
हरियाणा सरकार द्वारा वर्ष 2020 के लिए अवकाश सूची जारी
Sunday, November 17, 2019
HTET PRT NOV. 2019 LEVEL 1 EXAM PDF SET D HARYANA TEACHER ELIGIBILITY TEST NOV. 2019 PRT LEVEL 1 FOR PRIMARY TEACHER
HTET PRT NOV. 2019 LEVEL 1 EXAM PDF SET D
Saturday, November 16, 2019
Thursday, March 14, 2019
Notify for Reservation for EWS in Haryana State Dated: 13-3-2019
Notify for Reservation for EWS in Haryana State Dated: 13-3-2019
Monday, March 11, 2019
Policy on Pursuing Two or More Programmes Simultaneously
Policy on Pursuing Two or More Programmes Simultaneously
1. One Degree and one Diploma/ P G Diploma/ Certificate
2. One P G Diploma and one Diploma/ Certificate
3. One Diploma and one Certificate
4. Two P G Diplomas
5. Two Diplomas
6. Two Certificates
Thursday, February 28, 2019
Thursday, November 8, 2018
IB Govt. Job Security Assistant / Executive
Post Date: 19-10-2018
Last Date: 10-11-2018
Total Vacancy: 1054
Brief Information: Intelligence Bureau (IB) invites applications for the recruitment of Security Assistant/ Executive vacancies. Those Candidates who are Interested to the following vacancy and completed all Eligibility Criteria can read the Notification & Apply Online.
Application Fee
For General & OBC (Male): Rs. 50/-
For SC/ ST/ ExSM & Female Candidates: Nill
Payment Mode: Online/ Offline
Important Dates
Starting Date to Apply Online: 20-10-2018
Last Date to Apply Online & take printout of Challan: 10-11-2018 till 2359 hours
Last Date for Depositing Fee: 12 & 13-11-2018
Age Limit
Age Limit: Not exceeding 27 Years
Age relaxation is applicable for SC/ ST/ OBC candidates as per rules
Qualification
Matriculation (10th class pass)/ equivalent from a recognized Board of Education & Knowledge of any one of the local language/ dialect.
Vacancy Details
Post Name: Security Assistant/ Executive
Total: 1054
IB Recruitment 2018 - Apply Online for 1054 Security Asst/ Executive Exam
https://www.recruitmentonline.in/mha13/
IB Security Assistant/ Executive Syllabus:
The Syllabus for Intelligence Bureau (IB) Security Assistant/ Executive exam is as follows:
Tier – I:
Written Exam of Objective type MCQs, divided into 4 parts containing questions of 1 marks each on:
(a) General Awareness
(b) Quantitative aptitude
(c) Logical/analytical ability
(d) English language
Tier – II:
Descriptive type:
The questions in objective tests, except for the test of General English, will be bilingual i.e, English &Hindi.
a) Translation of a passage of 500 words from local language/ dialect to English and vice versa
b) Spoken ability (to be assessed at the time of Tier-III exam (Interview/ Personality test)
Tier-III:
Interview/Personality test
Sunday, January 11, 2015
इनकम टैक्स बचाने के कुछ ख़ास तरीके
इनकम टैक्स बचाने के कुछ ख़ास
तरीके
.
.
मार्च का महीना अब ज्यादा दूर नहीं।
इनकम टैक्स बचाने के
विकल्पों का सहारा लेने में अब और देर
करना लंबी अवधि में नुकसान
का सौदा साबित हो सकता है।
ज्यादातर करदाता जल्दबाजी में टैक्स-
सेविंग के लिए ऐसे विकल्पों का चयन कर लेते
हैं जो उन्हें टैक्स-सेविंग में भले लाभ
पहुंचाता हो लेकिन अन्य लाभ नहीं मिल
पाते। उदाहरण के तौर पर, टैक्स सेविंग के
लिए जल्दबाजी में बिना सोचे-समझे
यूलिप, एंडोमेंट जैसे विकल्पों में निवेश
करना। इनकम टैक्स बचाने के विभिन्न
विकल्प उपलब्ध हैं। प्रत्येक
करदाता फाइनेंशियल प्लानिंग करवाने के
बाद निवेश के विकल्प चुने यह भी संभव
नहीं है। कम से कम ऐसे
विकल्पों का तो चयन
किया ही जाना चाहिए जो टैक्स–
सेविंग के साथ-साथ अच्छा
रिटर्न या अन्य लाभ देते हों। आज ऐसे
ही कुछ विकल्पों की चर्चा करते हैं। अगर
आपने अपनी टैक्स-प्लानिंग अब तक
पूरी नहीं की है तो यह आपके लिए मददगार
साबित होगा। सालाना 2.5 लाख रुपये
तक की आय पर कर नहीं लगता। वरिष्ठ
नागरिकों के लिए यह सीमा 3 लाख रुपये
और 80 वर्ष से अधिक उम्र के वरिष्ठ
नागरिकों के लिए इसकी सीमा 5 लाख
रुपये है। अगर आपकी आय इससे अधिक है
तो टैक्स सेविंग के उपाय करने होंगे।
1. पब्लिक प्रोविडेंट फंड: पब्लिक
प्रोविडेंट फंड (पीपीएफ) डेट में निवेश
का बेहतरीन विकल्प है जो टैक्स-सेविंग
के साथ-साथ लंबी अवधि में एक
अच्छा कोष बनाने में महत्वपूर्ण
भूमिका निभाता है। 15 साल
की मैच्योरिटी अवधि वाली इस
योजना में निवेश कर धारा 80सी के
तहत लाभ प्राप्त किया जा सकता है।
मैच्योरिटी पर मिलने वाले पैसों (मूलधन
एवं ब्याज) पर भी कर नहीं लगता। 2014
में पीपीएफ की अधिकतम सीमा 1
लाख रुपये से बढ़ा कर 1.5 लाख रुपये कर
दी गई है। वर्तमान में इस पर 8.7
फीसदी का ब्याज मिलता है
जो आकर्षक है।
2. इक्विटी लिंक्ड सेविंग स्कीम: म्यूचुअल
फंडों की इक्विटी लिंक्ड सेविंग स्कीम
धारा 80सी के तहत निवेश का सबसे
आकर्षक विकल्प है। यह उन करदाताओं के
लिए ज्यादा उपयुक्त है जो शेयर
बाजार से जुड़ा जोखिम उठाते हुए
अच्छा रिटर्न अर्जित करना चाहते हैं।
इसकी लॉक-इन अवधि तीन साल
की होती है। यह विकल्प
भी धारा 80सी के अंतर्गत आता है
जिसकी सीमा 1.5 लाख रुपये है।
3. नेशनल पेंशन सिस्टम: नेशनल पेंशन सिस्टम
या एनपीएस भी धारा 80सीसीडी के
तहत टैक्स सेविंग का एक विकल्प है।
वेतनभोगी कर्मचारी अपने वेतन (बेसिक
और डीए) के 10 प्रतिशत तक
की कटौती का लाभ उठा सकते हैं।
धारा 80सीसीई की अधिकतम
सीमा 1.5 लाख रुपये है और इसका लाभ
इसी दायरे तक उठाया जा सकता है।
खाता खोलने की जटिलताओं की वजह
से यह ज्यादा लोकप्रिय
नहीं हो पाया। एनपीएस रिटायरमेंट के
लिए पैसे जोड़ने का एक अच्छा विकल्प
है। इसके विभिन्न फंडों के तहत पिछले
पांच वर्षों में निवेशकों को 5-11
फीसदी का रिटर्न मिला है।
इसकी मैच्योरिटी निवेशक के 60वें वर्ष
में पहुंचने के बाद होती है। निवेश के
विकल्पों में ई (इक्विटी),
सी (कॉरपोरेट बांड्स) और
जी (गिल्ट्स) के अलावा लाइफसाइकल
फंड शामिल हैं। लंबी अवधि के निवेश के
इच्छुक इस विकल्प का सहारा ले सकते हैं।
टियर-1 एकाउंट से मैच्योरिटी से पहले
निकासी नहीं कर सकते जबकि टियर-4
खाते से अपनी जरूरत के हिसाब से
पैसों की निकासी कर सकते हैं। टियर-2
खाता वही खुलवा सकते हैं जिनके पास
टियर-1 खाता है।
4. टैक्स सेविंग फिक्स्ड डिपॉजिट:
बैंकों के टैक्स सेविंग फिक्स्ड डिपॉजिट
उन करदाताओं के लिए उपयुक्त हैं
जो जोखिम नहीं उठाना चाहते।
इसकी लॉक-इन अवधि पांच साल
होती है। धारा 80सी की सीमा 1.5
लाख रुपये के निवेश तक इसमें
कटौती का लाभ मिलता है।
फिलहाल, पांच साल के टैक्स सेविंग
एफडी पर 9 फीसदी का ब्याज मिल
रहा है। ध्यान देने वाली बात यह है
कि इससे प्राप्त होने वाला ब्याज कर-
मुक्त नहीं होता। निचली कर-श्रेणी में
आने वाले करदाता इसका चयन कर सकते
हैं।
5. नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट:
धारा 80सी के तहत नेशनल सेविंग
सर्टिफिकेट भी टैक्स सेविंग में मददगार
है। पांच साल की लॉक-इन अवधि वाले
एनएससी की ब्याज दर 8.5 फीसदी और
10 साल की लॉक-इन अवधि वाले
की ब्याज दर 8.8 फीसदी है। गौर करने
वाली बात यह है कि प्रत्येक वर्ष इससे
मिलने वाले ब्याज का पुनर्निवेश
किया जाता है। अगर ब्याज और मूलधन
का निवेश 1.5 लाख की सीमा पार
करता है तो उस पर टैक्स देना होता है।
6. पेंशन स्कीम: जीवन
बीमा कंपनियों द्वारा दो तरह
की पेंशन योजनाएं पेश की जाती है-
डेफर्ड और इमेडिएट एन्युइटी। डेफर्ड
एन्युइटी के तहत आप रिटायरमेंट की उम्र
तक नियमित निवेश करते हैं। रिटायरमेंट
के बाद आप जमा राशि का 60
फीसदी निकाल सकते हैं और शेष
का निवेश एन्युइटी फंड में कर मासिक
पेंशन प्राप्त कर सकते हैं। इमेडिएट
एन्युइटी प्लान के अंतर्गत आप एकमुश्त
निवेश कर अगले माह से मासिक पेंशन
प्राप्त कर सकते हैं। इसमें निवेश करने पर
भी आप धारा 80सीसीसी के तहत
कटौती का लाभ ले सकते हैं।
7. यूलिप: बीमा नियामक एवं विकास
प्राधिकरण ने 2010 में दिशानिर्देश
जारी कर यूलिप के खर्चे काफी कम कर
दिए हैं। कुछ यूलिप को छोड़ दें
तो ईएलएसएस की तुलना में अब भी ये महंगे
हैं। इनकी लॉक-इन अवधि पांच साल है।
अगर आप धारा 80सी के तहत इसमें निवेश
करने की सोच रहे हैं तो ध्यान रखिए
कि इस पर रिटर्न
तभी अच्छा मिलेगा जब आप लगातार
10 साल से अधिक अवधि तक
अपना निवेश जारी रखते हैं।
8. सीनियर सिटिजन सेंविंग्स स्कीम:
धारा 80सी के तहत कर में कटौती के
लाभ के लिए 60 वर्ष की अधिक उम्र के
व्यक्ति सीनियर सिटिजन सेविंग्स
स्कीम (एससीएसएस) में निवेश कर सकते
हैं। वैसे निवेशक जिनकी उम्र 55 साल से
अधिक और 60 साल के बीच है और
जिन्होंने वोलंटरी रिटायरमेंट
लिया है, वह भी इस स्कीम का लाभ
उठा सकते हैं। इस पर सालाना 9.20
फीसदी का ब्याज मिल रहा है
जो तिमाही मिलता है। पांच साल से
पहले इससे
निकासी नहीं की जा सकती।
9. रिटायरमेंट फंड: म्यूचुअल फंडों जैसे
यूटीआई रिटायरमेंट बेनीफिट प्लान और
टेंपलटन इंडिया पेंशन प्लान में निवेश करने
पर भी आप धारा 80सी के तहत
कटौती का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
वर्ष 2015 में औसतन हर तीसरे दिन होगी सरकारी छुट्टी
वर्ष 2015 में औसतन हर तीसरे
दिन होगी सरकारी छुट्टी
.
** साल में सात ऐसे मौके आएंगे जिसमें
वीकेंड तीन दिनों का होगा
सरकारी कर्मचारियों की इस वर्ष 2015 में
छुट्टियों की मौज होगी। साल के अंत तक
औसतन हर तीसरे दिन छुट्टी होगी। इनमें
रविवार और शनिवार के साप्ताहिक
अवकाश और अन्य सार्वजनिक
छुट्टियां भी शामिल हैं। वर्ष 2015 में 364
दिनों में से करीब 239 वर्किंग डे हैं। साल में
ऐसे कई मौके आएंगे जब दो दिनों का वीकेंड
तीन दिनों का होगा। ऐसे करीब सात
मौके इस साल आएंगे। इनमें गणतंत्र दिवस,
होली, गुड फ्राइडे,
गांधी जयंती क्रिसमस ऐसे मौके हैं
जो वीकेंड के पहले या बाद में रहे हैं। ऐसे में
जिन लोगों का ऑफिस सप्ताह में पांच
दिन होता है। वे इस साल छुट्टियां मानने
बाहर जा सकते हैं। दिसंबर माह में चार दिन
का वीकेंड मिल सकता है। ईद मिलाद और
क्रिसमस की छुट्टियां लगातार दो दिन
मिलेंगी। इसके उपरांत वीकेंड शुरू
हो जाएगा। इसके अलावा 58 अतिरिक्त
छुट्टियां मिलने वाली हैं। वर्ष 2015 में
महावीर जयंती, ईद उल फितर, रक्षाबंधन
भी शनिवार को ही पड़ रहे हैं। ऐसे में वे
भी दो दिन के वीकेंड का मजा ले सकते हैं।
एक छुट्टी ही बना देगी काम :
वर्ष 2015 में सात ऐसे मौके आएंगे जब कोई एक
छुट्टी लेने पर आपका वीकेंड चार दिन
का हो जाएगा। छुट्टियां ऐसे मौकों के
लिए खास हो जाएगी। महाशिव
रात्री,अंबेडकर जयंती, गणेश चतुर्थी,
बकरीद, दशहरा सहित कई
छुट्टियां या तो मंगलवार को पड़ रही हैं
या फिर गुरुवार को। ऐसे में आप सोमवार
या शुक्रवार की छुट्टी के साथ वीकेंड के
दो दिन भी जोड़ सकेंगे।
ऐसे मिलेगी छुट्टियां
23 से 26 जनवरी- शुक्रवार 23
जनवरी को नेताजी सुभाष चंद
बोस के जन्मदिन के बाद 24,25
को वीकेंड है और बाद में 26
जनवरी की छुट्टी रिपब्लिक डे
है।
14 से 17 फरवरी- 14 15 के वीकेंड के
साथ अगर आप 16 को एक दिन
की छुट्टी लेते हैं तो 17
को महाशिव
रात्री की छुट्टी भी उसमें जुड़
जाएगी।
6 से 8 मार्च- 6 मार्च
को होली है। उसके बाद 7,8
का वीकेंड मिल रहा है।
3 से 5 अप्रैल- गुड फ्राइडे के बाद
शनिवार और रविवार
की छुट्टी रहेगी।
11 से 14 अप्रैल- 11 12 अप्रैल के
वीकेंड से लगी एक छुट्टी अगर 13
अप्रैल को ले लेते हैं तो फिर 14
अप्रैल को अंबेडकर
जयंती की छुट्टी है।
1 से 4 मई- 1 मई शुक्रवार को मजदूर
दिवस के बाद 2 दिन का वीकेंड
और फिर 4 को बुद्ध पूर्णिमा है।
15 से 18 अगस्त- 15, 16 के वीकेंड के
बाद 17 अगस्त की छुट्टी लेने पर
18 की भी छुट्टी मिल जाएगी।
17 से 20 सितंबर- 17 सितंबर
को गणेश चतुर्थी के बाद 18
को आपको एक
छुट्टी लेनी पड़ेगी, फिर 18 19
का तो वीकेंड है ही। 24 से 27
सितंबर- 24 को बकरीद मनाने के
बाद 25 की एक छुट्टी लेने पर 26
और 27 का वीकेंड भी मिल
जाएगा।
2 से 4 अक्टूबर- गांधी जयंती ये
वीकेंड आपको तीन
दिनों की छुट्टी देगा। 24 से 25
अक्टूबर- 22 को दशहरे के बाद 23
को के बाद फिर 24 और 25
का वीकेंड होगा।
7 से 15 नवंबर- एक-दो दिन
का अवकाश लेकर 7 से 15 नवंबर के
बीच करीब 9 दिन
की छुट्टी का मजा लिया जा
सकता है।
24 से 27 दिसंबर-24 की ईद उल
मिलाद के साथ 25 क्रिसमस और
फिर 26 27 का वीकेंड होगा।
Friday, January 9, 2015
प्रदेश में सभी 719 गेस्ट टीचर्स को पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने छह सप्ताह में हटाने के निर्देश
भास्कर न्यूज | चंडीगढ़/गोदबलाहा
प्रदेशमें सभी 719 गेस्ट टीचर्स को पंजाब एंड
हरियाणा हाईकोर्ट ने छह सप्ताह में हटाने
के निर्देश दिए हैं। गुरुवार को प्रदेश सरकार ने
हलफनामा दायर कर कहा कि 719 गेस्ट
टीचर्स में से 193 को हटाने के आदेश जारी कर
दिए गए हैं, बाकी टीचर्स को हटाने के लिए
उन्हें कुछ समय और दिया जाए। हाईकोर्ट ने
इस मामले में हरियाणा सरकार को 6 सप्ताह
का समय देते हुए सभी गेस्ट टीचर्स को हटाने
के निर्देश दिए।
प्रदेश सरकार ने गेस्ट टीचर्स
की भर्ती की थी। रेगुलर पदों पर
नियुक्तियां करने के बाद भी इन
टीचरों को हटाया नहीं गया था। इसके
बाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करते हुए
इन्हें हटाने की मांग की गई थी। हाइकोर्ट ने
रेगुलर नियुक्तियों के बाद गेस्ट टीचर्स
को हटाने के निर्देश दिए थे।
वहीं, दूसरी ओर इस संबंध में हरियाणा सरकार
ने हाईकोर्ट के इन आदेशों को सुप्रीम कोर्ट में
चुनौती दी थी। सुप्रीम कोर्ट ने
हरियाणा सरकार
की याचिका को खारिज कर
अध्यापकों को हटाने के हाईकोर्ट के
आदेशों को सही ठहराया था। गुरुवार
को हरियाणा सरकार ने हाईकोर्ट में
हलफनामा देकर कहा कि गेस्ट टीचर्स
को हटाने की प्रकिया आरंभ कर दी गई है।
इस प्रकिया को पूरा करने के लिए उन्हें समय
दिया जाए। कोर्ट ने छह सप्ताह का समय देते
हुए मामले की सुनवाई स्थगित कर दी।
टाल रहे हैं शिक्षा मंत्री
...तो जंतर-मंतर पर डटेंगे : अध्यापकसंघ के
कुलवीर छिलौरी का कहना है कि जब गेस्ट
टीचरों की भर्ती की गई, उस वक्त विषय
तालमेल अयोग्य यूनिवसिर्टी के संबंध में पांच
वर्ष की छूट का प्रावधान रखा गया।
राजस्थान हिमाचल में गेस्ट टीचरों के मामले
को कैबिनेट द्वारा सुलझाया जा चुका है।
फिर प्रदेश सरकार इस मामले को ठंडे बस्ते में
डाल रही है। यदि समय रहते शिक्षा विभाग
सरकार ने इस मामले
को नहीं सुलझाया तो सभी टीचर एकजुट
होकर दिल्ली में जंतर-मंतर पर धरना देंगे।
वहीं दूसरी ओर कुछ ने शिक्षा विभाग के इस
कदम को सहरानीय बताया।
जिले में सात गेस्ट अध्यापक थे, एक
नौकरी छोड़कर जा चुके हैं, निदेशालय पत्र के
मुताबिक तीन का सब्जेक्ट तालमेल नहीं होने
के कारण हटाया गया है। -संतोष तंवर,
जिलाशिक्षा अधिकारी, नारनौल
गेस्ट टीचरों को नहीं हटाए जाने पर
हाईकोर्ट ने शिक्षा विभाग के प्रधान
सचिव को दिसबंर २०१४
को अवमानना का नोटिस
भी जारी किया था। उस वक्त
शिक्षा विभाग से
पूछा गया था कि नियमित
शिक्षकों की भर्ती के बाद भी गेस्ट टीचर्स
क्यों नहीं हटाए गए। इसके बाद गेस्ट अध्यापक
मामला सुप्रीम कोर्ट में चला गया। इसके
बाद न्यायालय की सख्ती प्रदेश सरकार से
अपेक्षाकृत समर्थन नहीं मिलने के बाद लगभग
१५ हजार गेस्ट टीचर्स अपने भविष्य को लेकर
चिंतित हैं।






